मेरी नई पड़ोसन और मेरी पहली चुदाई

अब वो मेरे सामने सिर्फ ब्लाऊज़ और पेटीकोट में थी. फिर उन्होंने मेरी चैन खोल कर मेरे लण्ड को पकड़ लिया और बोली कि आपका तो बहुत बड़ा है जबकि आपके भैया का तो केवल 5 इंच का ही है. फिर उन्होंने मुझे नंगा कर दिया और मेरे साढ़े 6 इंच के लन्ड को देखा. उसको देख कर उनकी आँखों में चमक आ गयी. फिर वो उसको चूसने लगी…

हेलो दोस्तों, मेरा नाम राज है और मैं जयपुर से हूँ. मेरी उम्र 21 साल है. अन्तर्वासना पर ये कहानी मेरी पहली कहानी है. मेरी ये कहानी मेरे और मेरे पड़ोस में अपने पति के साथ रहने के लिए आई नए शादीशुदा भाभी की है.

उनका नाम प्रज्ञा (बदला हुआ) है. वो हमारे शहर में नए – नए आये थे और हमारे पास वाले मकान में किराये से रहने लगे थे. जब वो आये तो मैं बाहर ही घूम रहा था तो भैया ने मुझे बुलाया और हेल्प के लिए बोला. इस पर मैंने उनका सामान अंदर रखवाने में उनकी हेल्प की तो वो मुझसे बात करने लगे और आस पास और शहर के बारे में पूछने लगे.
तो मैंने उन्हें बता दिया और फिर मेरी उनसे दोस्ती हो गई.

इसी बीच मैंने भाभी को देखा वो बहुत मस्त लग रही थीं. उनकी उम्र 30 साल के आस – पास रही होगी. वो मुझे देख के हंस रही थी. बाद में जब मैं जाने लगा तो भाभी ने मुझे बुलाया और मुझसे कहा कि हम यहाँ नए हैं तो हमें कोई काम होगा तो हम आपको बताएंगे. तो उस समय अगर आप खाली हों तो हेल्प कर देना.

फिर मैंने अपनी सहमति दी और वापस घर आ गया. उसके अगले दिन उन्हें मार्केट से कुछ लाना था तो उन्होंने मुझे बुलाया और सामान लाने को कहा. मैं जाकर उनका समान ले आया. फिर उनके रूम पर ही बैठ कर हम बात करने लगे. बात करते – करते वो मुझसे मेरे बारे में पूछने लगी, जैसे – क्या करते हो? परिवार में कौन – कौन है?

मैंने सब कुछ सही – सही बता दिया. फिर तो रोज ही हमारी बातें होने लगी. अब मैं आपको भाभी के बारे में बता दूँ. वो एक दम स्लिम और सेक्सी हैं. उनका फिगर 32-34-32 का होगा.

उसके बाद हमारी दोस्ती हो गयी. अब जब भी भैया नहीं होते तो हम आपस में बातें करते. दोस्तों, मैंने आज तक सेक्स नहीं किया था लेकिन करने की मेरी इच्छा जरूर होती थी. अब तो मैं उनके नाम की मुठ मार लेता था. साथ ही अब मैं उनको पटाने के बारे में भी सोचने लगा था. लेकिन मुझे कोई मौका नहीं मिल रहा था.

एक बार भैया किसी काम से बाहर गए तो उन्होंने मुझे आवाज़ दी और बोली कि मैं घर में अकेली बोर हो रही हूँ. यह सुन कर मैं उसके रूम पर चला गया और जाकर उनसे बातें करने लगा.

बात करते – करते उन्होंने मुझसे गर्लफ्रेंड के बारे में पूछ लिया तो मैंने मना कर दिया. जिस पर वो बोली कि अभी तक क्यों नहीं बनाई? तो मैंने कहा कि जैसी चाहिए वैसी कोई मिली ही नहीं. तो बोली कि कैसी चाहिए? इस पर मैंने भी फट से बोल दिया कि आपके जैसी चाहिए. लेकिन अगले ही छड़ मैंने सोचा कि कहीं बुरा न मान जाएं. इसलिएम मैं माफ़ी मांगने लगा.

अब बोली, “माफी मांगने जैसी कोई बात नहीं है लेकिन मैं शादीशुदा हूँ.” तो मैंने बोला – आप शादीशुदा हैं तो क्या हुआ? प्यार में कुछ पता नहीं चलता.

अब थोड़ी देर रुक कर मैंने सोचा शायद बात बन जाये इसलिए मैं फिर बोला कि भाभी, मुझे आपसे प्यार हो गया है और आपसे बात करना अच्छा लगता है. यह सुन कर वो बोली, “अच्छा झूठ मत बोलो, तुम इतने हैंडसम हो कोई न कोई गर्लफ्रेंड तो होगी ही तुम्हारी.”

इस पर मैंने कहा, “सच में नहीं है भाभी.” तो वो बोली, “अच्छा ठीक है अगर मैं तुम्हारी गर्लफ्रेंड बनूं तो?” अब मैं बोला – मैं आपको बहुत प्यार करूँगा.

यह सुन कर वो मेरे गले लग गयी और मुझसे बोली मैं भी तुमसे बहुत प्यार हूँ. मुझे बहुत अच्छा लगा. फिर हमने अपने नम्बर एक्सचेंज कर लिए और जब मैं जाने लगा तो वो बोली, “आज रात मैं अकेली हूँ, जब फ़ोन करूं तो आ जाना.”

मैं समझ गया था और फिर वापस घर आ गया और उनके बारे में सोचने लगा. फिर रात को करीब 7 बजे उनका फ़ोन आया तो मैंने घर पर बोल दिया कि मैं फ्रेंड के घर जा रहा हूँ और घर से निकल कर उनके घर में चला गया.

वहां वो अकेली थी. उन्होंने गेट खोला और मैं अंदर गया. अंदर जाते ही मैंने उनको गले लगा लिया और बाद में हमने साथ में खाना खाया. फिर उन्होंने बाकी के सारे काम खत्म किये और फिर हम बैडरूम में गए और बात करने लगे.

बातों ही बातों में उन्होंने बताया कि भैया से उनके बच्चा नहीं हो पा रहा है फिर इतना बताकर वो रोने लगी. अब मैंने उन्हें गले लगा लिया और बोला कि अगर मैं कोई हेल्प कर
सकूं तो मुझे बताना. मैं आपकी पूरी मदद करूँगा.

अब वो थोड़ा शांत हुई. फिर मैं पानी लाया और उन्हें पिलाया. फिर वो मुझसे बोली, “अब तुम सो जाओ”. यह सुन कर मुझे लगा कि यार बात नहीं बनेगी. फिर मैं थोड़ा दुखी होकर सोने लगा. थोड़ी ही देर बाद भाभी बोली, “राज, सो गए क्या?”

मैं बोला – नहीं तो

अब वो मेरी तरफ घूमी और मेरे हाथ को अपने हाथ में लेकर बोली, “मैं तुमसे बहुत प्यार करती हूँ.” तो मैं बोला, “मैं भी आपसे बहुत प्यार करता हूँ”. अब वो मुझसे चिपक गयी. फिर क्या था, मुझे सिग्नल मिल गया. अब मैंने उनके होंठों को उनके होंठों से चिपका लिया.

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