टीचर के साथ की पहली चुदाई

teacher ke sath pahli chudai आज मैं आप को जो हिन्दी स्कूल सेक्स कहानी बताने जा रहा हूँ वो मेरे कॉलेज की टीचर पूजा और मेरी है।
मैं आप को मेरे बारे में बताता हूँ; मैं एक 19 साल का युवक हूँ, मैं दिखने मैं गोरा हूँ। थोड़ा पतला ज़रूर हूँ पर जिम जाने के वजह से मेरा शरीर गठीला है। मेरा लंड 6 इंच लंबा और 1.5 इंच मोटा है।
अब मैं आप को अपनी टीचर के बारे में बताता हूँ। मेरे टीचर का नाम पूजा है, वो मुझे बायोलॉजी पढ़ाती थी, वो अकेली रहती है, वो शादीशुदा जरूर है पर उनके हस्बैंड काम से हमेशा बाहर रहते थे। उनकी उम्र तब 28 साल थी, उनकी फिगर 29 26 32 है, उनके बूब्स थोड़े छोटे जरूर थे पर मुझे बहुत पसंद थे, वो दिखने में भी सुंदर थी, जब वो चलती तो उनकी गांड ही देखता रहता था।

यह कहानी 2015 की है जब मैं 12वीं क्लास में था। मुझे जरनल चेक करने के लिए बायोलॉजी लैब में जाना पड़ा। जब मैं वह गया मैंने देखा मैम अपने मेज पर बैठी थी। मैंने उन्हें अपनी जरनल चेक करने दी।
उन्होंने मुझे कहा- तुम बहुत अच्छे लड़के हो, और इसी तरह पढ़ते रहना।
इतना ही नहीं, उन्होंने मुझे कहा- तुम मेरे पसंदीदा स्टूडेंट हो।

मेरे मन में तो जैसे लडडू फूट पड़े, मैंने भी उनसे कहा- मैम, आप भी मेरी पसंदीदा टीचर हो।
तो उन्होंने पूछा- अच्छा, तुम्हें मुझमें इतना क्या अच्छा लगता है? कॉलेज में और भी कई टीचर्स हैं।
मेरी तो 2 सेकंड के लिए बोलती बंद हो गयी पर मैंने हिम्मत कर के बोल दिया- मैम, आप मुझे बहुत अच्छे लगते हो। आप के चेहरे से लेकर आप के पैरों तक मुझे हर चीज़ अच्छी लगती है।

मैम यह बात सुन कर मुझ पर भड़क गई, मैं डर गया, पर मैम मुझे डरा हुआ देख कर बोली- कल मेरे घर पर आ जाना।
मुझे थोड़ी खुशी भी हो रही थी और डर भी लग रहा था।

अगले दिन संडे था तो मैंने घर पर कहा कि मैं अपने दोस्त के घर पढ़ने जा रहा हूँ।

मैं मैम के घर पहुँचा और बेल बजायी, जब मैम ने दरवाजा खोला तो मैं मैम को देखता ही रह गया; मैम ने मस्त नाइटी पहन रखी थी, मैं मैम को देखता ही रहां।
मैम ने भी ये नोटिस किया पर जैसे कुछ न समझने की एक्टिंग करने लगी और गुस्से में बोली- अंदर आओ।
मेरी खुशी तो गम में बदल गयी, मुझे लगा कि मैम ने तो सच में मुझे डांटने और समझाने के लिए बुलाया है। मैं डरते डरते अंदर गया।

मैम ने फौरन दरवाजा बंद कर लिया, मुझे अपने सामने सोफे पर बिठाया और समझने लगी।
कुछ देर बाद मुझे लगा कि मैम का मेरे ऊपर का गुस्सा कम हो गया है।

मैम ने फिर मुझसे पढ़ाई के बारे में बात की पर मेरी नज़र तो उनके चूचों पर थी। मैम ने भी ये नोटिस कर लिया था।
अचानक से उन्होंने मुझे पूछ लिया- क्या तुम्हारी कोई गर्लफ्रैंड है?
मैंने न में गर्दन हिलायी।
तो मैम ने कहा- कैसे लड़के हो तुम? पढ़ाई में तो अच्छे हो, दिखने में भी अच्छे हो पर फिर भी कोई गर्लफ्रैंड नहीं?

मैंने भी अब जोश जोश में कह दिया- मुझे जो लड़की पसंद है उसने तो मुझे ना कर दिया है।
मैम ने पूछा- कौन है वो?
तो मैंने कहा- आप।

मैम ने मुझे फिर जो कहा उससे मैं बहुत शॉकड रह गया था; मैम ने कहा- मुझे भी तुम बहुत अच्छे लगते हो।
फिर मैंने मैम से पूछ लिया- कल आप क्यों मुझ पर भड़क गई थी?
तो मैम ने कहा- मैं देखना चाहती थी कि क्या मैं तुम्हें सच में पसंद हूँ।

मैं उठ कर सीधा मैम के पास गया और उनका चेहरा पकड़ कर कहा- तुम तो मुझे कॉलेज के पहले दिन से पसंद हो!
और इतना कह कर मैंने मैम को किस करना शुरू कर दिया।
मैम भी मुझे किसिंग में मेरा साथ दे रही थी।

फिर मैम मेरे लंड पर हाथ फेरने लगी और मैं उनके चूचों पर हाथ ले गया और किस किये जा रहे थे।

लगभग 7-8 मिनट किस करने के बाद मैंने मैम को उठाया और पास की दीवार को लगकर खड़ा कर दिया और उनके होठों को चूसने के बाद मैंने उनके गले को चूमना शुरू किया।
आगे से पीछे तक उनकी गर्दन को किस किया और उनके बूब्स को नाइटी के ऊपर से ही चूसने लगा।

मैम अब गरम हो रही थी।

फिर मैंने उन्हें उठाया और बैडरूम में ले जाकर बेड पर लिटा दिया, फिर मैं उनके पैरों से चूसते चूसते उनकी नाइटी ऊपर करते करते उनकी चिकनी जांघों तक पहुँच गया।
फिर मैंने मैम की पूरी नाइटी उतार कर फेंक दी। अब मैम मेरे सामने पर्पल ब्रा और पैंटी में थी।

मैं फिर से उनके गले को चूसते हुए उनके बूब्स को चूसने लगा। फिर मैं नीचे आकर उनके पेट और नाभि को चूसने लगा। इतने मैं मैम काफी ज्यादा गरम हो चुकी थी और सिसकारियाँ ले रही थी और कह रही थी- ओह सैम, चूस लो मेरे जवान बदन को!

फिर मैंने उनको उल्टा कर दिया और उनकी ब्रा की हुक खोल कर उनकी पीठ चूमने लगा और धीरे धीरे उनकी गांड तक आ गया। फिर मैंने उनकी पैंटी उतारी और उनकी गांड को चूसने लगा।
मैम जोर से सिसकारियाँ लिए जा रही थी- ओह उम्म्ह… अहह… हय… याह… सैम ससस्स चूस लो मेरी गांड को। अपनी जबान को घुसेड़ दो मेरी गांड में!